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देश के एयर डिफेंस में शामिल होगी तुंगुस्का मिसाइल, रूस के साथ हुई 858 करोड़ रुपये की डील

 Reported By: Manish Prasad Edited By: Shakti Singh
 Published : Mar 27, 2026 03:44 pm IST,  Updated : Mar 27, 2026 04:02 pm IST

भारत के पास पहले से एस-400, बराक-8 और आकाश एयर डिफेंस सिस्टम हैं। इनमें तुंगुस्का एयर डिफेंस सिस्टम को शामिल किया जा रहा है। इससे हवाई हमलों के खिलाफ देश की सुरक्षा और बेहतर होगी।

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भारत और रूस के बीच अहम समझौता Image Source : REPORTER INPUT

भारत ने रूस के साथ 858 करोड़ रुपये की डील की है। इसके तहत देश को तुंगुस्का एयर डिफेंस मिसाइल सिस्टम मिलेगा और देश का एयर डिफेंस सिस्टम और मजबूत बनेगा। भारत के पास पहले से एस-400, बराक-8 और आकाश एयर डिफेंस सिस्टम हैं। इनमें तुंगुस्का एयर डिफेंस मिसाइल सिस्टम शामिल होने से देश की सुरक्षा और मजबूत होगी। रक्षा मंत्रालय की तरफ से बताया गया कि तुंगुस्का एयर डिफेंस मिसाइल सिस्टम की खरीद और P8I लॉन्ग-रेंज मैरीटाइम रिकॉनिसेंस एयरक्राफ्ट के इंस्पेक्शन (डिपो लेवल) के लिए कुल 858 करोड़ रुपये के कॉन्ट्रैक्ट साइन किए हैं। ये कॉन्ट्रैक्ट 27 मार्च, 2026 को कर्तव्य भवन-2, नई दिल्ली में साइन किए गए।

भारतीय सेना के लिए 445 करोड़ रुपये के तुंगुस्का एयर डिफेंस मिसाइल सिस्टम की खरीद का कॉन्ट्रैक्ट, रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह की मौजूदगी में रूस के जेएससी रोसोबोरोनएक्सपोर्ट के साथ साइन किया गया। ये लेटेस्ट मिसाइलें एयरक्राफ्ट ड्रोन और क्रूज मिसाइलों सहित हवाई खतरों के खिलाफ भारत की मल्टीलेयर्ड एयर डिफेंस क्षमताओं को बढ़ाएंगी। यह एग्रीमेंट भारत-रूस स्ट्रेटेजिक डिफेंस पार्टनरशिप को और मजबूत करेगा।

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Image Source : REPORTER INPUTडील फाइनल करने के बाद रक्षा मंत्रालय के अधिकारी

P8I एयरक्राफ्ट के लिए 413 करोड़ की डील

इंडियन नेवी के लिए P8I लॉन्ग-रेंज मैरीटाइम रिकॉनिसेंस एयरक्राफ्ट के इंस्पेक्शन (डिपो लेवल) के लिए 100% इंडिजिनस कंटेंट के साथ 'बाय इंडियन' कैटेगरी के तहत 413 करोड़ रुपये का कॉन्ट्रैक्ट, बोइंग इंडिया डिफेंस प्राइवेट लिमिटेड के साथ साइन किया गया, जो बोइंग की पूरी तरह से मालिकाना हक वाली इंडियन सब्सिडियरी है। रक्षा मंत्रालय के सीनियर अधिकारियों की मौजूदगी में यह कॉन्ट्रैक्ट साइन किया गया। यह कॉन्ट्रैक्ट देश में मौजूद MRO (मेंटेनेंस, रिपेयर और ओवरहॉल) फैसिलिटी में P8I फ्लीट का डिपो लेवल पर मेंटेनेंस पक्का करेगा, जो भारत सरकार के आत्मनिर्भर भारत और मेक-इन-इंडिया के वादे के मुताबिक है।

इसी साल मिलेंगे एस-400 डिफेंस सिस्टम के 2 स्क्रॉड्रन

भारत ने 2018 में रूस के साथ एस-400 एयर डिफेंस सिस्टम की खरीद के लिए सौदा किया था। इसमें कुल 5 स्क्रॉड्रन शामिल थे। इनमें से तीन भारत को मिल चुके हैं, लेकिन दो स्क्रॉड्रन की डिलीवरी अभी बाकी है। अब रूस ने कहा है कि इसी साल के अंत तक भारत को एस-400 एयर डिफेंस सिस्टम के बाकी दोनों स्क्रॉड्रन की डिलीवरी मिल जाएगी।

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